मुबारकपुर आज़मगढ़। बुनकरों के उत्पादों को देश-विदेश के बाजारों तक पहुंचाने और मुबारकपुर के हथकरघा उद्योग को नई पहचान दिलाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई है। 23 सितंबर को सहायक आयुक्त हथकरघा एवं वस्त्रोद्योग मऊ श्री सुधांशु के प्रयास से टाटा समूह की कंपनी टाइटन तनेरिया के अधिकारियों को मुबारकपुर आमंत्रित किया गया। अधिकारियों ने बुनकरों के क्षेत्र का भ्रमण कर उनके उत्पादों का प्रदर्शन देखा और उनकी गुणवत्ता का जायजा लिया। इस दौरान मुबारकपुर विपणन केंद्र पर टाटा समूह के अधिकारियों और बुनकरों के बीच लघु गोष्ठी एवं क्रेता-विक्रेता सम्मेलन का आयोजन किया गया। टाटा समूह के रीजनल हेड अनमोल बसावा एवं तकनीकी विशेषज्ञ मोहम्मद असलम ने बुनकरों से बातचीत कर उनकी आवश्यकताओं और बाजार की मांग को समझा। अधिकारियों ने बुनकरों को वर्तमान बाजार की मांग के अनुरूप उच्च गुणवत्ता की साड़ी और सूट तैयार करने के लिए प्रोत्साहित किया। मौके पर बुनकरों के उत्पादों का परीक्षण कर उनकी गुणवत्ता की सराहना भी की गई। साथ ही कुछ बुनकरों से उनके उत्पादों की खरीद के लिए शीघ्र क्रय आदेश देने का आश्वासन दिया गया। विशेष रूप से मुबारकपुर की तनछुई साड़ी के उत्पादन को बढ़ावा देने पर जोर दिया गया। इससे स्थानीय बुनकरों को बेहतर बाजार मिलने के साथ ही पारंपरिक हथकरघा उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंचाने की उम्मीद जगी है। सहायक आयुक्त हथकरघा विगत दो माह से इस दिशा में प्रयासरत थे। इस अवसर पर श्री सुधांशु ने कहा कि बुनकरों के उत्पादों को देश-विदेश के बाजारों तक पहुंचाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि मुबारकपुर की धरती पर हथकरघा उद्योग के लिए श्री सुधांशु का प्रयास एक संजीवनी की तरह है, जिससे इस उद्योग को नई दिशा मिलने की संभावना है। कार्यक्रम में हथकरघा विभाग के निरीक्षक अविनाश प्रसाद अस्थाना, पर्यवेक्षक आशुतोष कुमार पांडेय सहित हिना देसाई, त्रिभुवन, पंकज, सुभाष राम, इफ्तेखार मुनीब, मंसूर अहमद, दस्तगीर अहमद एवं माहिद अंसारी की उपस्थिति रही।
