चकिया बखरिया गांव में जमीनी विवाद में हुई थी हत्या, हत्यारोपियों की गिरफ्तारी की मांग पर अड़े थे परिजन
पवई आजमगढ़ चकिया बखरिया गांव में जमीनी विवाद को लेकर हरिओम पांडे की हत्या के बाद शुक्रवार शाम करीब 6 बजे शव गांव पहुंचा। हत्यारोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर परिजनों ने अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया। इससे पुलिस-प्रशासन के सामने शव के अंतिम संस्कार की चुनौती खड़ी हो गई। शुक्रवार शाम से ही सी ओ फूलपुर किरण पाल सिंह, थानाध्यक्ष पवई मनीष पाल थानाध्यक्ष बिलरियागंज समेत थानाध्यक्ष अहरौला मंतोष कुमार सिंह पुलिस बल के साथ परिजनों को समझाने-बुझाने का प्रयास करते रहे। अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा रही है, लेकिन परिजन अंतिम संस्कार के लिए तैयार नहीं हुए।करीब 17 घंटे तक चली मान-मनौव्वल के बाद शनिवार सुबह करीब 11 बजे एसपी ग्रामीण चिराग जैन मौके पर पहुंचे। उनके और पूर्व प्रधानों के समझाने पर परिजन अंतिम संस्कार के लिए राजी हुए। इसके बाद पुलिस की मौजूदगी में सेहरी गांव स्थित छोटी सरयू नदी के तट पर हरिओम पांडे का अंतिम संस्कार कर दिया गया।हत्या के बाद गांव में तनाव की स्थिति को देखते हुए पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। पुलिस अधिकारियों ने आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
